CEC ज्ञानेश कुमार को लेकर राहुल गांधी का हमला तेज, बोले ‘इस्तीफा तय’

कांग्रेस नेता ने चुनावी प्रक्रिया को लेकर लगाए जा रहे आरोपों को जनता के बीच ले जाने की बात कही; निर्वाचन आयोग और भाजपा ने आरोपों को खारिज किया है

नाई भारत | नई दिल्ली | 29 सितंबर 2026 , कांग्रेस कार्य समिति (CWC) की बैठक के बाद लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और भारतीय जनता पार्टी पर अपना हमला और तेज कर दिया।

राहुल गांधी ने दावा किया कि ज्ञानेश कुमार को अंततः पद छोड़ना पड़ेगा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी स्वयं उनसे इस्तीफा मांगेंगे। यह राहुल गांधी का राजनीतिक दावा है; इससे यह तथ्य स्थापित नहीं होता कि प्रधानमंत्री ने ऐसा कोई निर्णय लिया है।

कांग्रेस नेता ने यह भी आरोप लगाया कि मुख्य चुनाव आयुक्त राजनीतिक संरक्षण के बिना स्वतंत्र रूप से काम नहीं कर सकते और दावा किया कि ज्ञानेश कुमार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का संरक्षण प्राप्त है।

हालांकि, ये आरोप राजनीतिक विवाद का हिस्सा हैं। निर्वाचन आयोग ने अपनी प्रक्रियाओं को कानून के अनुरूप बताया है और आयोग के भीतर मतभेदों को संस्थागत निर्णय प्रक्रिया का हिस्सा बताया गया है।

‘वोट चोरी’ का मुद्दा कांग्रेस के अभियान के केंद्र में

राहुल गांधी पिछले कुछ समय से चुनावी प्रक्रिया और मतदाता सूचियों को लेकर ‘वोट चोरी’ का आरोप लगाते रहे हैं। CWC की बैठक में कांग्रेस ने मतदाता सूची में पारदर्शिता, आंकड़ों तक राजनीतिक दलों की पहुंच और मतदाता सूची से नाम हटाए जाने वाले लोगों को अपील का अवसर देने जैसी मांगें भी उठाईं।

कांग्रेस कार्य समिति ने मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ कार्रवाई की मांग को भी आगे बढ़ाया है और इस मुद्दे पर व्यापक राजनीतिक अभियान चलाने का संकेत दिया है।

राहुल गांधी ने कहा कि अब कांग्रेस को यह मुद्दा सीधे जनता के बीच ले जाना होगा। उन्होंने दावा किया कि बड़ी संख्या में लोग चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं को लेकर उठाए जा रहे सवालों को स्वीकार कर रहे हैं।

चुनाव आयोग को लेकर राजनीतिक टकराव बढ़ा

राहुल गांधी के ताजा बयान ऐसे समय आए हैं जब मतदाता सूची में बदलाव और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर कांग्रेस तथा अन्य विपक्षी दल चुनाव आयोग पर सवाल उठा रहे हैं।

दूसरी ओर, भाजपा ने राहुल गांधी के आरोपों को खारिज किया है और चुनाव आयोग के कामकाज तथा उसके भीतर कथित मतभेदों को लेकर कांग्रेस के दावों पर सवाल उठाए हैं।

इस बीच, चुनावी सूचियों, SIR प्रक्रिया और मुख्य चुनाव आयुक्त की भूमिका को लेकर राजनीतिक विवाद और तेज होता दिखाई दे रहा है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा संसद के साथ-साथ राजनीतिक मंचों पर भी चर्चा का प्रमुख विषय बना रह सकता है।

स्रोत: राहुल गांधी के बयान, CWC बैठक से संबंधित रिपोर्ट, निर्वाचन आयोग और भाजपा की प्रतिक्रियाएं।