MMDR विवाद पर गरमाया ओडिशा विधानसभा, विपक्ष के प्रदर्शन से प्रश्नकाल प्रभावित

बीजेडी-कांग्रेस विधायक वेल में उतरे, रिपोर्टर्स टेबल से भी प्रदर्शन; राजस्व मंत्री सुरेश पुजारी ने जताई आपत्ति

भुवनेश्वर: ओडिशा विधानसभा में गुरुवार को MMDR संशोधन कानून को लेकर एक बार फिर जोरदार विरोध देखने को मिला। प्रश्नकाल शुरू होते ही बीजेडी और कांग्रेस के विधायक सदन के वेल में पहुंच गए और नारेबाजी करते हुए कानून को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया।

विपक्षी सदस्यों के हाथों में पोस्टर और प्लेकार्ड थे। लगातार नारेबाजी के बीच डिप्टी स्पीकर भवानी शंकर भोई ने प्रश्नकाल संचालित करने का प्रयास किया।

रिपोर्टर्स टेबल तक पहुंचा विरोध

विरोध उस समय और तेज हो गया जब कुछ विपक्षी सदस्य रिपोर्टर्स टेबल पर खड़े होकर प्रदर्शन करने लगे।

राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने इस स्थिति पर पीठासीन अधिकारी का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि प्रदर्शन कर रहे सदस्यों की स्थिति के कारण उन्हें डिप्टी स्पीकर दिखाई नहीं दे रहे हैं।

डिप्टी स्पीकर ने सदस्यों से अपनी सीटों पर लौटने और सदन की कार्यवाही चलने देने की अपील की।

हंगामे के बीच मंत्रियों ने दिए जवाब

लगातार नारेबाजी के बावजूद प्रश्नकाल को कुछ समय तक जारी रखा गया। हंगामे के बीच मुकेश महालिंग और अन्य मंत्रियों ने सदस्यों के सवालों के जवाब दिए।

हालांकि विरोध के कारण सदन का माहौल सामान्य नहीं हो सका। लगभग 13 मिनट की कार्यवाही के बाद सदन को शाम 4 बजे तक स्थगित कर दिया गया।

लगातार तीसरे दिन MMDR पर विरोध

गुरुवार का हंगामा विधानसभा में MMDR मुद्दे को लेकर लगातार तीसरे दिन हुए विरोध का हिस्सा रहा।

विपक्षी दलों की ओर से इस कानून को लेकर लगातार आपत्तियां उठाई जा रही हैं। इस मुद्दे ने मौजूदा विधानसभा सत्र में सरकार और विपक्ष के बीच प्रमुख राजनीतिक मतभेदों में जगह बनाई है।

विधानसभा के बाहर भी प्रदर्शन

सदन स्थगित होने के बाद बीजेडी विधायक ओडिशा माइनिंग कॉरपोरेशन (OMC) के कार्यालय की ओर गए और वहां प्रदर्शन किया।

इस तरह MMDR कानून को लेकर विरोध विधानसभा के अंदर से निकलकर सड़क तक पहुंच गया।

अब नजर आगे की कार्यवाही पर

विधानसभा की कार्यवाही शाम 4 बजे दोबारा शुरू होने के लिए निर्धारित थी। ऐसे में आगे के विधायी कामकाज पर सबकी नजर रही।

MMDR संशोधन कानून को लेकर जारी विरोध ने एक बार फिर ओडिशा में खनिज संसाधनों और खनन नीति से जुड़े मुद्दों को विधानसभा की राजनीति के केंद्र में ला दिया है।

नाई भारत
24 सितंबर 2026भुवनेश्वर