महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धांजलि, सर्वधर्म प्रार्थना और रामधुन से गूंजा परिसर
राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की जयंती के अवसर पर ओडिशा सरकार की ओर से शुक्रवार को भुवनेश्वर स्थित विधानसभा परिसर में राज्यस्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में राज्यपाल डॉ. हरि बाबू कंभमपति, मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी, विधानसभा अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी, दोनों उपमुख्यमंत्री कनक वर्धन सिंहदेव और प्रभाती परिडा सहित मंत्री, विधायक और वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए।

कार्यक्रम के दौरान महात्मा गांधी तथा पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को श्रद्धापूर्वक याद किया गया। दोनों नेताओं की जयंती के अवसर पर उनके चित्रों और प्रतिमाओं पर पुष्प अर्पित कर देश के प्रति उनके योगदान को नमन किया गया।
गांधी के सत्य और अहिंसा के विचारों को किया याद
समारोह में महात्मा गांधी के सत्य, अहिंसा, सत्याग्रह, स्वदेशी, स्वच्छता और समाज के अंतिम व्यक्ति तक सेवा पहुंचाने के विचारों को प्रमुखता से याद किया गया।
मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने गांधीजी के स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान और उनके अहिंसक संघर्ष की विरासत का उल्लेख किया। उन्होंने गांधीजी के विचारों को सामाजिक जीवन में प्रासंगिक बताते हुए सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों को याद किया।
मुख्यमंत्री ने स्वच्छता को जनभागीदारी से जोड़ने और आत्मनिर्भरता के लिए स्वदेशी की भावना को आगे बढ़ाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
सर्वधर्म प्रार्थना और रामधुन का आयोजन

राज्यस्तरीय समारोह का एक प्रमुख हिस्सा सर्वधर्म प्रार्थना सभा रहा। इसके माध्यम से विभिन्न धर्मों के बीच सद्भाव और आपसी सम्मान का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में रामधुन ‘रघुपति राघव राजा राम’ भी प्रस्तुत की गई। गांधीजी की प्रार्थना सभाओं से जुड़ी इस रामधुन ने समारोह के वातावरण को आध्यात्मिक और स्मरणीय बना दिया।
लाल बहादुर शास्त्री को भी श्रद्धांजलि
2 अक्टूबर को महात्मा गांधी के साथ पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती भी मनाई जाती है। विधानसभा परिसर में आयोजित समारोह में शास्त्रीजी के सादगीपूर्ण जीवन, ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रसेवा को भी याद किया गया।
मुख्यमंत्री ने शास्त्रीजी के प्रसिद्ध ‘जय जवान, जय किसान’ संदेश का उल्लेख करते हुए उनके राष्ट्रीय योगदान को स्मरण किया। राज्यपाल सहित अन्य dignitaries ने भी दोनों महान नेताओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।
सरकार के वरिष्ठ अधिकारी और जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
कार्यक्रम में राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी, कानून, निर्माण और आबकारी मंत्री पृथ्वीराज हरिचंदन, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. मुकेश महालिंग, सरकारी मुख्य सचेतक सरोज कुमार प्रधान सहित अन्य मंत्री और विधायक उपस्थित रहे।
वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों में अतिरिक्त मुख्य सचिव हेमंत शर्मा तथा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के निदेशक संजय कुमार बिस्वाल सहित अन्य अधिकारी भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
गांधी के आदर्शों को सार्वजनिक जीवन से जोड़ने का संदेश

गांधी जयंती समारोह केवल श्रद्धांजलि तक सीमित नहीं रहा। कार्यक्रम के माध्यम से सत्य, अहिंसा, स्वच्छता, सामाजिक जिम्मेदारी, आत्मनिर्भरता और जनसेवा जैसे मूल्यों को सार्वजनिक जीवन से जोड़ने का संदेश दिया गया।
ओडिशा के विभिन्न हिस्सों में भी गांधी जयंती और शास्त्री जयंती के अवसर पर सरकारी संस्थानों, सामाजिक संगठनों और अन्य संस्थाओं की ओर से कार्यक्रम आयोजित किए गए।

विधानसभा परिसर का राज्यस्तरीय समारोह इस बात का अवसर बना कि राज्य के संवैधानिक पदाधिकारी, सरकार के प्रतिनिधि और निर्वाचित जनप्रतिनिधि एक साथ महात्मा गांधी और लाल बहादुर शास्त्री की विरासत को स्मरण करें और उनके सार्वजनिक जीवन से जुड़े मूल्यों को दोहराएं।
नाई भारत | भुवनेश्वर | 2 अक्टूबर 2026

